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Friday, July 27, 2018

6:22 PM

अगर कर रहें हैं नौकरी की तलाश तो अवश्य रखें इन बातों का ध्यान


समुचित विकास के लिए यह आवश्यक होता है कि हर किसी को समय की रफ़्तार के साथ तालमेल बैठाने की कोशिश करनी चाहिए तभी सर्वाइव कर पाएंगे. यह बात पूरी तरह करियर के फील्ड में भी लागू होती है. आजकल इंम्प्लॉयर्स की जरूरतें बदल चुकी हैं. यदि सही जॉब कि तलाश है तो हर दृष्टिकोण से खुद का मेकओवर करना होगा. इस मेकओवर में अपनी स्किल्स को बेहतर बनाना बहुत जरूरी है. आजकल लोग जल्दी से जल्दी जॉब पाने की होड़ में महंगा से महंगा कोर्स तो कर लेते हैं, लेकिन जब इन कोर्सो से मिले तजुर्बे की बात आती है, तो वे उस पर बिलकुल फिट नहीं बैठते. यही वजह है कि आज के समाज में डिग्रीधारी तो बहुत हैं, लेकिन मार्केट में उनके लिए सही जॉब नहीं हैं. अगर पिछले साल के मार्केट में जॉब अपौरचुनिटी को देख़ें तो 2017 तथा 2018 में नौकरी बाजार सुस्त रहा. जॉब के लिहाज यह साल अच्छा रहने वाला है.अगर आप इस वर्ष किसी नौकरी की तलाश में हैं तो कुछ जरुरी स्किल्स को अपने अन्दर डेवलप करने की कोशिश कीजिये ताकि आपको अपने जरुरत के हिसाब से जॉब मिल सके.
हमेशा डेटा को ध्यान में रखें – चाहे आप किसी भी क्षेत्र से जुड़े हों या फिर किसी भी क्षेत्र में काम करना चाहते हों, आपको हमेशा डेटा पर बहुत ज्यादा ध्यान देना चाहिए. सेल्स, ऑपरेशंस, फाइनेंस या टेक्नोलॉजी सहित कई अन्य क्षेत्रों में डेटा का महत्व बहुत ज्यादा होता है. हर जगह आपका सामना डेटा से होगा और आपको इसको जूझना होगा. अगर आप वास्तव में नौकरी की तलाश कर रहे हैं तो आपको अपने अन्दर डेटा को समझने, फिल्टर करने और विभाजित करने में सक्षमता का विकास करना  पड़ेगा.ऐसा करने से आपको नौकरी मिलने में आसानी होगी.
प्रोडक्टिव आइडियाज सोचते रहें – आज के समय में सिर्फ समस्याओं का समाधान ही काफी नहीं है बल्कि नित्य नए प्रोडक्टिव आइडियाज क्रिएट करना तथा उसके अनुरूप काम करना और अपने काम से जिस संस्थान में आप काम कर रहे हैं, उसको प्रॉफिट दिलाना जरुरी है तभी आप किसी इंस्टिट्यूट या कंपनी में लम्बे समय तक टिक सकते हैं तथा प्रोमोशन और सैलरी हाइक पा सकते हैं.यदि आप चुनौतियों का सामना करने से घबराते नहीं हैं और अपने टार्गेटेड ग्रुप की समझ रखते हैं तो आप आसानी से अपना कोई भी प्रोडक्ट बना सकते हैं. वैसे सिर्फ प्रोडक्ट के बारे में सोंच लेना ही काफी नहीं होता है. किसी भी ऑर्गेनाइजेशन के लिए उसका असली वैल्यू तभी होता है जब आप उसे सही मायने में लागू करने में सफल हो जाएं.इसके लिए प्रोडक्ट पर खर्च का अनुमान, निवेश का समय और अपेक्षित रिटर्न का भी ब्यौरा देना पड़ेगा. इस लिए इन सभी चीजों की भी सही और पर्याप्त जानकारी रखें.
पैसों के मामले में सचेत रहें तथा समझौता करना सीखें – इस दुनिया में सब कुछ पैसों पर ही टिका हुआ है.जब बात नए नौकरी की हो या फिर पुरानी नौकरी बचाने की हो, दोनों ही स्थितियों में आपको पैसों के मामलों में समझौता करना पड़ सकता है. इसके अलावा एक बार नौकरी चले जाने पर कंपनियां कम कीमत पर आपको अप्वाइंट करेंगी. कॉस्ट-कटिंग के नाम पर छंटनी तो आम बात है ही. इसलिए हमेशा कंपनी की आय और खर्च के बारे में गंभीरता से जानें और समझें. अपने इर्द गिर्द के माहौल को भलीभांति समझने की कोशिश करें. कंपनी के काम करने की प्रक्रिया,मार्केट में उसकी स्थिति तथा उसकी कुल पूँजी आदि के विषय में भी अच्छी तरह जाँच पड़ताल कर लें. अपना एक स्टैण्ड रखें तथा कंपनी को यह विश्वास दिलाने की कोशिश करें कि अपने काम से आप हमेशा उसे प्रॉफिट में रखने की कोशिश करेंगे. इसके लिए आपको यह साबित करना होगा कि आखिर कंपनी आपको ज्यादा सैलरी पर क्यों रखे ? एक बात हमेशा ध्यान रखना चाहिए कि कोई भी कंपनी आपको तभी बहुत अच्छा पैकेज देगी जब आप अपने काम से उसे प्रॉफिट में रखेंगे.
सेलिंग क्वालिटी को धीरे धीरे डेवलप करें – अगर आपने मार्केटिंग या सेल्स की पढ़ाई नहीं की है तो कोई बात नहीं. इसके लिए चिंतित होने कि आवश्यकता नहीं है लेकिन हमेशा ध्यान रखिये कि आपको भी कुछ बेचना ही है, उसे चाहे जिस रूप में बेंचे. आपको इसका स्पष्ट उदाहरण देखने को इन्टरव्यू के दौरान ही मिल जायेगा. वहां आपको यह साबित करना होगा कि आप औरों से बेहतर कैसे हैं ? इसलिए अपनी सेल्स स्किल को सुधारने की यथा संभव कोशिश कीजिये.
नेतृत्व क्षमता का विकास करें – यदि आप अपने प्रोफेशनल लाइफ में सफलता हासिल करना चाहते हैं तो अपने अन्दर नेतृत्व क्षमता का विकास अवश्य करें. किसी कंपनी में अपना एक अलग पहचान बनाना चाहते हैं तो हमेशा इनिसिएटिव लें. काम मिलने का इंतजार नहीं करें. खुद काम की डिमांड करें तथा उसको भलीभांति बेहतर रीजल्ट के साथ पूरा करें. मैनेजर होने का मतलब यह नहीं कि आप अपने टीम पर अपना हुक्म चलायें बल्कि आपको अपनी टीम को साथ लेकर चलना चाहिए. लोगों के लिए एक आदर्श बनें. अपने निजी लक्ष्य से पहले टीम के सामूहिक लक्ष्य और हित को हमेशा ध्यान में रखें. 
अतः अगर आप एक नौकरी तलाश रहे हैं तो अवश्य इन बातों पर गौर करें. अगर आप ऐसा करने में सफल होते हैं तो आपको अपनी मनचाही जॉब पाने से कोई नहीं रोक सकता.
6:17 PM

Interview Special : साक्षात्कार में अच्चे अंक पाने के लिए ध्यान रखने योग्य कुछ महत्वपूर्ण बातें जो दिला सकती हैं साक्षात्कार में निश्चित सफलता


किसी भी इंटरव्यू में सफल होने का कोई निश्चित टेक्निक नहीं है लेकिन हाँ कुछ विशेष बातों पर गौर करके हम इसमें सफलता की संभावना को बढ़ा सकते हैं. ज्यादातर मामलों में अभ्यर्थियों का चयन इस तथ्य पर निर्भर नहीं करता कि आपने इन्टरव्यूअर द्वारा पूछे गए सवालों का कितना सही जवाब दिया है बल्कि इस बात पर निर्भर करता है कि आपका गेटप, जवाब देने की आपकी शैली, आपका व्यक्तित्व, आपका गेस्चर, पोस्चर तथा बॉडी लैंग्वेज किस तरह का है तथा आप इससे सामने वाले को किस हद तक प्रभावित कर सकते हैं ?  ये कुछ ऐसे पहलू हैं जिन्हें इन्टरव्यू के दौरान कहने या दिखाने की जरुरत नहीं होती है और ना ही इस पर किसी तरह का सवाल जवाब किया जाता है. लेकिन आपके इन हाव भाव या व्यक्तित्व से नियोक्ता के मन  पर आपकी जो छवि बनती है वो आपके सेलेक्शन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है. यह छवि सकारात्मक और नकारात्मक दोनों हो सकती है. सकारात्मक छवि आपके सेलेक्शन तथा नकारात्मक छवि आपके रिजेक्शन का कारण बनती है. इस आर्टिकल के माध्यम से हम आपको कुछ अनकही बातें बताने जा रहें हैं. इन्टरव्यू के दौरान जिसके विषय में पूछा तो नहीं जाता लेकिन नोटिस जरुर किया जाता है.
हाव भाव तथा अभिव्यक्ति – इन्टरव्यू के दौरान आपके हाव भाव तथा आपकी अभिव्यक्ति काफी मायने रखती है. इस दौरान शुरू से अंत तक स्थिति अपने अनुकूल नहीं होने के वावजूद भी आपको अपने चेहरे पर मुस्कान बनाये रखना चाहिए. आप जब भी किसी नियोक्ता से मिलने की कोशिश करते हैं उस समय आपको अपने चेहरे पर हल्की सी मुस्कान रखना चाहिए, इससे एक अच्छा इम्प्रेशन बनता है.
बैठने का तरीका
इंटरव्यू के दौरान जब इन्टरव्यूअर द्वारा आपको बैठने के लिए कहा जाय तो हमेशा सीट पर सीधा बैठें.इसके अतिरिक्त यह दिखाने के लिए कि आप सयंमित एवं सहज हैं आपको थोड़ा कुर्सी के कोने की तरफ बैठने का प्रयास करना चाहिए. इंटरव्यू के दौरान कुर्सी पर रिलेक्स हो कर पीछे की ओर टेक लेकर बैठने पर हो सकता है कि नियोक्ता पर आपका गलत इम्प्रेशन पड़े और वह आपको आरामतलबी व्यक्ति समझ बैठे.

वेशभूषा और पहनावा
कहते हैं फर्स्ट इम्प्रेशन इज लास्ट इम्प्रेशन. आप भले ही अपने विषय के बहुत जानकार हों तथा अपने काम की पूरी जानकारी रखते हों लेकिन आपका पहला इम्प्रेशन आपके वेशभूषा और ड्रेसिंग सेन्स का ही पड़ता है. आप चाहे किसी भी इन्टरव्यू के लिए जाएं लोगों की सबसे पहले आपकी जिस चीज पर नजर जाती है वह होती है आपकी ड्रेस. अच्छी ड्रेस आपके आत्मविश्वास को भी बढ़ाती है. इसलिए इंटरव्यू के दौरान ड्रेस का खास ख्याल रखें और जितना हो सके उतना सही तरीके से ड्रेसअप हों .
नजर मिलाकर बातें करना
इन्टरव्यू देते समय जब आप नियोक्ता से बात करें,उस वक्त उसके साथ अपनी नजरे मिलाकर बात करें. इससे नियोक्ता को ऐसा प्रतीत होता है कि आप उसकी बात पूरा ध्यान लगाकर सुन रहे हैं. साथ ही अपनी आंखों को थोड़ी ज्यादा खुली भी रखें. अगर आप इन्टरव्यूअर से नजरें मिलाकर बात करने में कतराते हैं,तो हो सकता है कि वह यह समझ बैठे कि आपके अन्दर आत्मविश्वास की कमी है या फिर आप झूठ बोलने की कोशिश कर रहे हैं
अपनी सीट पर थोड़ा आगे की ओर होकर बैठे
आप हर एक चीज को बारीकी से समझने में रूचि रखते हैं. इस बात को दर्शाने के लिए आप इन्टरव्यू के समय अपनी सीट पर थोड़ा आगे की ओर होकर बैठें. अगर आपके और इन्टरव्यूअर के बीच कोई मेज रखी गयी हो तो आप अपना दोनों हांथ मेज पर रखें तथा आगे की ओर थोड़ा झुक कर बैठें. लेकिन इस बात का सर्वदा ध्यान रखें कि आप इन्टरव्यूअर के बिलकुल करीब न आ जाएं.
6:05 PM

नौकरी के लिए दिए जाने वाले इन्टरव्यू में अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न


नौकरी के लिए दिए जाने वाले इन्टरव्यू में  इन्टरव्यू की शुरुआत आपके निजी जीवन से सम्बन्धित प्रश्नों से की जाती है. ऐसे प्रश्नों के अंतर्गत उम्मीदवार की पारिवारिक पृष्ठभूमि, स्थायी पता, वर्तमान पता, वैवाहिक स्थिति, शौक और धार्मिक मान्यताओं तथा राजनीतिक विश्वास आदि से सम्बंधित प्रश्न पूछे जाते हैं. अधिकांश उम्मीदवार अक्सर उनके द्वारा पूछे गए सवालों को सही तरीके से समझ नहीं पाते हैं और उत्तर देते समय सटीक और सही जबाब नहीं दे पाते हैं जो उनके चयनित नहीं होने का सबसे बड़ा कारण बनता है. उम्मीदवार की व्यक्तिगत जानकारी की शुरुआत से ही इन्टरव्यू के दौरान उम्मीदवार को सहज बनाते हुए इन्टरव्यू की प्रक्रिया शुरू कर उम्मीदवार का परीक्षण किया जाता है. इस समय कुछ इस तरह के सवाल पूछे जाते हैं -
•  आपके परिवार में कितने सदस्य हैं?
•  आपका पिता क्या करते  है?
• आपकी माता जी हाउस वाइफ हैं या वर्किंग लेडी ?
• आपको कौन सा विषय पसंद है तथा आप किस विषय के विशेषज्ञ हैं ?
• आप खाली समय में क्या करना पसंद करते हैं?
शैक्षणिक योग्यता के बारे में पूछे जाने वाले सवाल
आप से सम्बन्धित बुनियादी जानकारी हासिल कर लेने के बाद साक्षात्कारकर्ता आपके शैक्षणिक और  व्यावसायिक योग्यता से सम्बन्धित सवाल पूछते हैं. ऐसे प्रश्नों के माध्यम से वे यह जानने की कोशिश करते हैं कि आपने जिस पद के लिए आवेदन किया है उस पद के योग्य आप हैं या नहीं. यह उम्मीदवारों के लिए नौकरी के अपने दावों को सही साबित करने का दूसरा अवसर होता है. इस दौरान पूछे जाने वाले प्रश्नों में शामिल हैं -
• इस नौकरी से सम्बन्धित आपके पास क्या योग्यता है ?
• आपके पढ़ाई के दौरान आपको औसतन कितने प्रतिशत नंबर मिले हैं ?
• क्या आप एक ब्राईट स्टूडेंट थे ?
• आप इस जॉब के लिए किस प्रकार उपयुक्त हैं ?
• आपको काम करने के लिए क्या प्रेरित करता है?
प्रदर्शन के बारे में पूछे जाने वाले सवाल
इस खंड में  साक्षात्कारकर्ता उन सभी सवालों के बारे में पूछते हैं जिनका सम्बन्ध उम्मीदवार के संस्थागत व्यवहार, उसकी पिछली उपलब्धियां,टीम को हैंडल करने की क्षमता आदि से होता है. इन सवालों के जबाब का सीधा सम्बन्ध असाइन किए गए कार्य के प्रति रवैया, सहकर्मियों के साथ व्यवहार, कार्य के दौरान आने वाली समस्याओं के प्रति दृष्टिकोण,टीम के सदस्यों को प्रेरित करने की क्षमता आदि के परीक्षण से होता है. इन सवालों के जरिये साक्षात्कारकर्ता, उम्मीदवार संगठन के लिए उपयुक्त है या नहीं इस तथ्य की जाँच करते हैं. इसके अंतर्गत पूछे जाने वाले सवालों में शामिल हैं -
• आपके सहकर्मी आपके किस बात की आलोचना करते हैं ?
•  आपके संगठन में आपकी आलोचना कब हुई थी और क्यों ?
•  आप किस बात पर गुस्सा करते हैं ?
•  काम करते समय आपको कैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता है ?
• आप अपने टीम को किस तरह प्रेरित करेंगे  ?
कार्य अनुभव के बारे में पूछे जाने वाले सवाल
उम्मीदवारों के साथ रणनीतिक चर्चा के दौरान ही उसके कार्य अनुभव से जुड़े सवाल पूछे जाते हैं. इसके अंतर्गत पिछले संगठन में उम्मीदवार द्वारा किये गए कार्य,पिछले संगठन में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां, पिछली गलतियों और उनसे प्राप्त सीख, पिछले संगठन में काम करने का व्यक्तिगत अनुभव और सबसे बड़ी उपलब्धियां या असफलता, कामकाजी संस्कृति आदि हर पहलू से जुड़े सवाल किये जाते हैं. इसके माध्यम से यह पता लगाया जाता है कि उम्मीदवार संगठन के लिए उपयुक्त है या नहीं. इससे जुड़े कुछ सवाल हैं -
• काम से संबंधित प्रश्न
• रेज्यूमे से जुड़े प्रश्न  .
• आपकी नौकरी से अपेक्षाएं क्या हैं ?
• क्या उनकी पूर्ति पिछले संगठन में हो पाई ?
• पिछले संगठन में काम करते समय वहां की कौन सी बात आपको पसंद थी और कौन सी नहीं ?
पिछला संगठन छोड़ने के बारे में पूछे जाने वाले प्रश्न
वस्तुतः उस समय उम्मीदवार बहुत असहज महसूस करते हैं जब उनसे पिछेले संगठन को छोड़ने से सम्बन्धित सवाल किये जाते हैं. अक्सर यह सवाल पूछने पर कि आप जहाँ काम कर रहे हैं उस संस्थान को क्यों छोड़ना चाहते हैं ? का जबाब देने में उम्मीदवार गड़बड़ी करते हैं. अतः नौकरी पाने के लिए ऐसे सवालों का जबाब बहुत सजगता और तार्किक एवं संगत कारणों के आधार पर देना चाहिए. इसमें जो सवाल पूछे जाते हैं उनमे शामिल हैं –
• आप अपनी मौजूदा नौकरी क्यों छोड़ना चाहते हैं ?
• आपको क्यों हटा दिया गया है ?
• आपने संगठन क्यों छोड़ दिया ?
• आपने इस्थिपा क्यों दिया ?
• पिछले संगठन या कंपनी में काम करने के बाद से आप क्या कर रहे हैं ?
• आप इतने लंबे समय तक बेरोजगार क्यों हैं?
वेतन के बारे में पूछे जाने वाले सवाल
किसी संगठन द्वारा दिए जाने वाले वेतन से यह निर्धारित होता है कि संगठन अपने कर्मचारियों से किस तरह का काम लेता है. इन्टरव्यू के दौरान साक्षत्कार कर्ता पिछले संगठन में आपकी सैलरी तथा इस नए संगठन में आपकी अपेक्षित सैलरी के विषय में जानना चाहते हैं तथा अपनी कम्पनी के वित्तीय क्षमताओं के अनुरूप आपकी सैलरी निर्धारित करते हैं. इस दौरान उम्मीदवार कभी कभी जरुरत से ज्यादा तथा कभी कभी कम सेलरी पैकेज की मांग कर देते हैं. अपनी करेंट सीटीसी के अनुरूप ही अपनी अपेक्षित सैलरी बताएं. सेलरी से जुड़े सवाल हैं -
• आपकी पहली नौकरी के दौरान आपका सीटीसी क्या था?
• आप हमसे कितना वेतन की उम्मीद रखते हैं ?
• आपकी आवश्यकता क्या है?
• अपना सैलरी स्लिप दिखाएँ ?
• अगर हम आपको इतनी सैलरी देते हैं तो आप इसे कैसे उचित ठहराएंगे ?
भर्ती के बारे में पूछे जाने वाले सवाल
हमें आपकी  नियुक्ति क्यों करनी चाहिए?  हमें आपकी  नियुक्ति क्यों नहीं करनी चाहिए? आप हमारे संगठन के लिए किस तरह फायदेमंद साबित होंगे ? इस तरह के सवाल अक्सर उम्मीदवारों को मुश्किल में डाल देते हैं. इस तरह के सवालों का उत्तर रणनीतिक रूप से विनम्रता पूर्वक सहजता के साथ देना चाहिए. नियुक्ति से सम्बन्धित पूछे जाने वाले सवालों में शामिल हैं -
• हमें आपकी नियुक्ति क्यों करनी चाहिए?
• अगर हम आपको नियुक्त नहीं करते हैं तो आप क्या करेंगे?
• आप अपना संगठन क्यों छोड़ रहे हैं ?
• वहां क्या समस्याएं हैं?
निष्कर्ष
नौकरी के लिए दिए जाने वाले इन्टरव्यू में आपके व्यक्तिगत और पेशेवर जीवन, विफलताओं और सफलताओं, उपलब्धियों, व्यक्तिगत रूचि, शैक्षणिक और व्यावसायिक योग्यता आदि से सम्बन्धित प्रश्न पूछे जाते हैं. ऐसे प्रश्नों के जरिये साक्षात्कारकर्ता आपकी योग्यता,क्षमता, कौशल और संस्थान के लिए आपकी उपयोगिता आदि के बारे में सही जानकारी हासिल करता है. इस लेख में नौकरी की तलाश कर रहे एवं नौकरी के लिए इन्टरव्यू देने जाने वाले उम्मीदवारों की मदद के लिए कुछ महत्वपूर्ण प्रश्नों का विवरण दिया गया है.